दिल्ली के अस्पताल से भागा अंडरट्रायल कैदी हिमाचल प्रदेश से गिरफ्तार

नई दिल्ली। दिल्ली क्राइम ब्रांच की सेंट्रल रेंज टीम ने अस्पताल से फरार हुए एक अंडरट्रायल कैदी को महज 48 घंटे के भीतर हिमाचल प्रदेश के ऊना जिले से गिरफ्तार कर लिया। आरोपी ने जेल से निकलने के लिए बीमारी का नाटक रचकर बड़ी साजिश को अंजाम दिया था। पुलिस के अनुसार, पवन भल्ला (26) ने रोहिणी स्थित सेंट्रल जेल में जानबूझकर अज्ञात पदार्थ खाकर खुद को बीमार दिखाया। इसके बाद उसे इलाज के लिए पहले डॉ. बाबा साहेब अंबेडकर अस्पताल और फिर जीबी पंत अस्पताल रेफर किया गया।
26 जून की शाम करीब 6:45 बजे आरोपी ने बाथरूम जाने की अनुमति मांगी और वहां से वेंटिलेशन होल के जरिए फरार हो गया। घटना के बाद आईपी एस्टेट थाने में भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 262 के तहत मामला दर्ज किया गया।
क्राइम ब्रांच की सेंट्रल रेंज टीम ने इंस्पेक्टर महिपाल सिंह के नेतृत्व में और एसीपी सतेंद्र मोहन के पर्यवेक्षण में विशेष अभियान चलाया। तकनीकी निगरानी, मानवीय खुफिया जानकारी और फील्ड ऑपरेशन के आधार पर आरोपी की तलाश शुरू की गई। टीम ने 28 जून को हिमाचल प्रदेश के ऊना जिले के जितपुर बेहड़ी इलाके में दबिश देकर आरोपी को गिरफ्तार कर लिया।
जांच में सामने आया कि अस्पताल से भागने के बाद पवन भल्ला पुरानी दिल्ली रेलवे स्टेशन पहुंचा और वहां से ट्रेन पकड़कर ऊना चला गया। ऊना में वह अपने एक परिचित के घर में छिपा रहा और एक वेयरहाउस में लोडिंग-अनलोडिंग का काम कर गुजारा करता रहा।
पवन भल्ला हरियाणा के जींद जिले का निवासी है। उसे 15 जून को रोहिणी सेक्टर-4 स्थित लाल फ्लैट्स के पास पेट्रोलिंग के दौरान गिरफ्तार किया गया था, जहां से उसके पास से प्रतिबंधित बटन वाला चाकू बरामद हुआ था। आरोपी 2023 से आपराधिक गतिविधियों में संलिप्त है और उसके खिलाफ तीन मामले दर्ज हैं।
पूछताछ में आरोपी ने ड्रग्स की लत होने की बात भी स्वीकारी है। पुलिस अब मामले में आगे की जांच कर रही है।




