दिल्ली में रॉन्ग साइड ड्राइविंग पर सख्ती, दो दिन में 1170 एफआईआर दर्ज, हजारों किए गए चालान

नई दिल्ली। राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली में यातायात व्यवस्था को सुरक्षित और सुचारु बनाए रखने के लिए दिल्ली ट्रैफिक पुलिस ने रॉन्ग साइड ड्राइविंग के खिलाफ कड़ा अभियान चलाया है। इस विशेष अभियान के तहत गलत दिशा में वाहन चलाने वालों पर न सिर्फ चालान किया जा रहा है, बल्कि उनके खिलाफ आपराधिक मामले भी दर्ज किए जा रहे हैं और वाहनों को जब्त करने की कार्रवाई भी की जा रही है।
ट्रैफिक पुलिस के अनुसार, रॉन्ग साइड ड्राइविंग केवल एक साधारण ट्रैफिक नियम उल्लंघन नहीं, बल्कि एक गंभीर और जानलेवा अपराध है, जो आम नागरिकों की सुरक्षा को खतरे में डालता है। इस तरह की लापरवाही के कारण आमने-सामने की टक्कर, घातक दुर्घटनाएं और यातायात व्यवस्था में भारी अव्यवस्था पैदा होती है। इसे शहर में सड़क दुर्घटनाओं और अव्यवस्था के प्रमुख कारणों में से एक माना जा रहा है।
इसी खतरे को ध्यान में रखते हुए दिल्ली ट्रैफिक पुलिस ने 22 और 23 मई 2026 को राजधानी के प्रमुख मार्गों, चौराहों, हाईवे, संवेदनशील और दुर्घटना संभावित क्षेत्रों में सघन चेकिंग अभियान चलाया। इस दौरान बड़ी संख्या में नियम तोड़ने वालों के खिलाफ कार्रवाई की गई। दो दिनों के भीतर कुल 1170 एफआईआर दर्ज की गईं, 1179 वाहनों को जब्त किया गया और 12,568 चालान जारी किए गए।
पुलिस अधिकारियों ने स्पष्ट किया है कि भविष्य में भी यदि कोई व्यक्ति रॉन्ग साइड ड्राइविंग करते हुए पाया जाता है तो उसके खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी, जिसमें अभियोजन, आपराधिक मुकदमा दर्ज करना, वाहन जब्त करना और अन्य आवश्यक दंडात्मक कदम शामिल होंगे।
दिल्ली ट्रैफिक पुलिस ने सभी वाहन चालकों—चाहे वे निजी वाहन, वाणिज्यिक वाहन, दोपहिया, ई-रिक्शा, डिलीवरी वाहन या सार्वजनिक परिवहन से जुड़े हों—से अपील की है कि वे ट्रैफिक नियमों का सख्ती से पालन करें और केवल निर्धारित मार्गों का ही उपयोग करें। गलत दिशा में वाहन चलाकर समय बचाने की कोशिश न करें, क्योंकि यह छोटी सी लापरवाही बड़े हादसे का कारण बन सकती है।
पुलिस ने नागरिकों से यह भी कहा है कि सड़क सुरक्षा सभी की साझा जिम्मेदारी है और सुरक्षित यातायात व्यवस्था के लिए जनता का सहयोग अत्यंत आवश्यक है। ट्रैफिक पुलिस ने चेतावनी दी है कि किसी भी परिस्थिति में रॉन्ग साइड ड्राइविंग को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा और नियमों का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई जारी रहेगी।





