आरोपियों को एफआईआर की प्रति नहीं देने पर बॉम्बे हाई कोर्ट सख्त, एसएचओ पर लगाया जुर्माना
बॉम्बे हाई कोर्ट ने पालघर के वाडा पुलिस थाने के एसएचओ पर एफआईआर की कॉपी न देने पर 25 हजार रुपये का जुर्माना लगाया।

मुंबई/एजेंसी। बांबे हाई कोर्ट ने आरोपिय. को एफआईआर की प्रति उपलब्ध नहीं कराने पर पुलिस की कार्यप्रणाली पर कड़ी नाराजगी जताई है। कोर्ट ने पालघर जिले के वाडा पुलिस थाने के थाना प्रभारी (एसएचओ) पर 25 हजार रुपये का जुर्माना लगाते हुए यह राशि दो सप्ताह के भीतर अपने वेतन से जमा कराने का निर्देश दिया है।
कार्यवाहक मुख्य न्यायाधीश रवींद्र घुगे और जस्टिस गौतम अंखाड की पीठ एक आर्थिक अपराध से जुड़े मामले की सुनवाई कर रही थी। याचिकाकर्ताओं का कहना था कि उनके खिलाफ वाडा पुलिस थाने में एफआइआर दर्ज की गई थी।
वे जांच में सहयोग के लिए पुलिस के सामने पेश हुए और एफआइआर की प्रति मांगी, लेकिन थाना प्रभारी ने उन्हें इसकी प्रति उपलब्ध नहीं कराई। पीठ ने कहा कि कानून के अनुसार आरोपितों को शिकायत और एफआइआर की प्रति देना अनिवार्य है।
कोर्ट ने यह भी टिप्पणी की कि ऐसे कई मामले उसके सामने आए हैं, जिनमें पुलिस द्वारा प्रति नहीं देने के कारण आरोपितों को न्यायालय का दरवाजा खटखटाना पड़ता है। हाई कोर्ट ने पुलिस को निर्देश दिया कि याचिकाकर्ताओं को पांच दिनों के भीतर एफआइआर की प्रति उपलब्ध कराई जाए। कोर्ट ने स्पष्ट किया कि कानूनी प्रक्रिया का पालन करना पुलिस की जिम्मेदारी है।




